डोईवाला (देहरादून): राजाजी नेशनल टाइगर रिजर्व से सटे बुल्लावाला क्षेत्र में जंगली जानवरों से सुरक्षा के लिए बनाई गई करोड़ों रुपये की दीवार अब विवादों में घिर गई है। ग्रामीणों का कहना है कि दीवार बनने के बावजूद हाथियों और अन्य जंगली जानवरों का खेतों में घुसना जारी है, जिससे उनकी फसलें लगातार बर्बाद हो रही हैं।
स्थानीय लोगों के मुताबिक, पहले लगाए गए सौर ऊर्जा बाड़ भी रखरखाव के अभाव में बेकार हो गए थे। इसके बाद भारी बजट खर्च कर सुरक्षा दीवार बनाई गई, लेकिन यह भी जमीनी स्तर पर असरदार साबित नहीं हो रही है।
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि निर्माण के दौरान उनकी सलाह नहीं ली गई, जिसके कारण कई जगह दीवार की ऊंचाई बेहद कम है। यही वजह है कि जंगली जानवर आसानी से आबादी और खेतों तक पहुंच रहे हैं।
ग्राम प्रधान परमिंदर सिंह ने बताया कि दीवार का निर्माण लोक निर्माण विभाग द्वारा किया गया, लेकिन काम अधूरा और लापरवाही से किया गया है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि पार्क प्रशासन अन्य निर्माण कार्यों में व्यस्त है, जबकि ग्रामीणों की समस्या जस की तस बनी हुई है।
ग्रामीण महिलाओं ने भी सुरक्षा को लेकर चिंता जताई है। उनका कहना है कि रात के समय बाहर निकलना मुश्किल हो गया है और पहले भी जंगली जानवरों के हमलों से कई घटनाएं हो चुकी हैं। फसलों के लगातार नुकसान के चलते किसानों की आर्थिक स्थिति भी प्रभावित हो रही है।
ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि सुरक्षा दीवार को मजबूत और ऊंचा किया जाए, ताकि जंगली जानवरों से स्थायी राहत मिल सके।


