भाजपा विधायक एवं प्रदेश प्रवक्ता विनोद चमोली ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोलते हुए उसके दावों को ‘शिगूफा’ करार दिया है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को पहले अपनी अंदरूनी कलह सुलझानी चाहिए, क्योंकि पार्टी के भीतर ही मतभेद खुलकर सामने आ रहे हैं।
‘कांग्रेस में गुटबाजी जगजाहिर’
चमोली ने कांग्रेस प्रभारी के दौरे पर कटाक्ष करते हुए कहा कि हरियाणा में उनकी भूमिका गुटबाजी को लेकर पहले से ही चर्चा में रही है। ऐसे में उत्तराखंड में भी उनके दौरे से पार्टी के भीतर खींचतान और बढ़ने की संभावना है।
‘नेता छोड़ रहे कांग्रेस का साथ’
उन्होंने कहा कि लगातार बड़ी संख्या में कांग्रेस नेता पार्टी छोड़ रहे हैं, जिससे स्पष्ट है कि पार्टी अपने ही नेताओं को रोक पाने में असमर्थ है।
कांग्रेस द्वारा भाजपा नेताओं के शामिल होने के दावों को भी उन्होंने खारिज करते हुए कहा कि यह केवल माहौल बनाने की कोशिश है।
हरीश रावत पर साधा निशाना
चमोली ने हरीश रावत पर तंज कसते हुए उन्हें कांग्रेस का ‘पितामह’ बताया और कहा कि वे राजनीतिक अवकाश पर रहते हुए भी सक्रिय राजनीति कर रहे हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि हरीश रावत ने अपने राजनीतिक करियर में दबाव की राजनीति को हमेशा प्राथमिकता दी है।
‘परिवार तक सीमित हो गई कांग्रेस’
चमोली ने कहा कि कांग्रेस अब एक “पारिवारिक प्लेसमेंट एजेंसी” बनकर रह गई है, जहां एक ही परिवार के सदस्यों को लगातार आगे बढ़ाया जा रहा है।
उन्होंने आरोप लगाया कि पार्टी में टिकट वितरण से लेकर संगठनात्मक फैसलों तक में परिवारवाद हावी है।
2027 चुनाव पर भी कसा तंज
उन्होंने कहा कि जनता सब कुछ समझती है और आने वाले 2027 के चुनाव में कांग्रेस को इसका परिणाम भुगतना पड़ेगा।


