संवाददाता: सागर रस्तोगी
ऋषिकेश में इलेक्ट्रिक वाहनों (EV) को बढ़ावा देने के लिए नगर निगम ने बड़ा कदम उठाया है। शहर में 10 नए इलेक्ट्रिक वाहन चार्जिंग स्टेशन स्थापित किए जा रहे हैं, जिससे आने वाले समय में स्थानीय लोगों और पर्यटकों को बड़ी सुविधा मिलेगी।
PPP मॉडल पर तैयार हो रहा प्रोजेक्ट
नगर आयुक्त गोपाल राम बिनवाल के अनुसार, यह परियोजना पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) मॉडल के तहत लागू की जा रही है। नगर निगम ने चार्जिंग स्टेशनों के लिए निजी कंपनियों को स्थान उपलब्ध कराया है, जबकि उनका संचालन और रखरखाव निजी कंपनी द्वारा किया जाएगा।
दो स्थानों पर काम शुरू, एक महीने में 7 और स्टेशन तैयार होने की उम्मीद
फिलहाल 10 में से 2 चार्जिंग स्टेशनों पर निर्माण कार्य शुरू हो चुका है। ये स्टेशन:
- बालाजी बगीचा
- एम्स ऋषिकेश के पास
बनाए जा रहे हैं। अधिकारियों के अनुसार, अगले एक महीने में कम से कम 7 और चार्जिंग स्टेशन तैयार हो जाएंगे।
10 वर्षों तक संचालन, निगम को मिलेगा राजस्व
इस प्रोजेक्ट के तहत निजी कंपनी अगले 10 वर्षों तक चार्जिंग स्टेशनों का संचालन करेगी। इससे होने वाली आय का एक हिस्सा नगर निगम को मिलेगा। साथ ही, विज्ञापन से होने वाली कमाई का 50% हिस्सा भी निगम के खाते में आएगा।
पर्यावरण संरक्षण और पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा
नगर आयुक्त ने बताया कि इस पहल के कई बड़े फायदे होंगे:
- इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा मिलेगा
- शहर में प्रदूषण कम होगा और हवा स्वच्छ बनेगी
- पर्यटकों और श्रद्धालुओं को बेहतर चार्जिंग सुविधा मिलेगी
चारधाम यात्रा का प्रमुख पड़ाव होने के कारण ऋषिकेश में EV चार्जिंग सुविधा का विस्तार काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
ग्रीन सिटी की ओर बढ़ता ऋषिकेश
धार्मिक और पर्यटन की दृष्टि से अहम यह शहर अब आधुनिक सुविधाओं के साथ ग्रीन सिटी बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। इस प्रोजेक्ट से न केवल पर्यावरण को लाभ होगा, बल्कि नगर निगम के राजस्व में भी वृद्धि होगी और शहर के विकास को नई गति मिलेगी।


