रिपोर्ट: अरशद हुसैन
रुड़की: रुड़की ब्लॉक के माधोपुर हरजरतपुर गांव में ग्राम प्रधान के खिलाफ लंबित जांच को लेकर ग्रामीणों का आक्रोश खुलकर सामने आया। ग्रामीणों ने खंड विकास अधिकारी (बीडीओ) कार्यालय के बाहर प्रदर्शन करते हुए अधिकारियों पर जांच में जानबूझकर देरी करने और ग्राम प्रधान से मिलीभगत के गंभीर आरोप लगाए।
ग्रामीणों का कहना है कि ग्राम प्रधान के खिलाफ जांच के आदेश काफी समय पहले जारी किए गए थे, लेकिन एक वर्ष से अधिक समय बीत जाने के बावजूद जांच पूरी नहीं की गई। इसी मुद्दे को लेकर बड़ी संख्या में ग्रामीण खंड विकास अधिकारी कार्यालय पहुंचे और नारेबाजी करते हुए कार्यालय का घेराव किया।
प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि जांच टीम को सुबह 10 बजे गांव पहुंचना था, लेकिन ब्लॉक के अधिकारी शाम करीब 3:30 बजे गांव पहुंचे। ग्रामीणों के अनुसार अधिकारियों ने मौके पर विस्तृत जांच करने के बजाय केवल कुछ लोगों के हस्ताक्षर कराए और बिना जांच पूरी किए वापस लौट गए।
इस घटनाक्रम के बाद ग्रामीणों में भारी नाराजगी फैल गई। ग्रामीणों ने बीडीओ सुमन कोटियाल के कार्यालय का घेराव करते हुए भ्रष्टाचार के आरोप लगाए और ब्लॉक अधिकारियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि ग्राम प्रधान के खिलाफ शिकायतों की निष्पक्ष जांच नहीं की जा रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ अधिकारी ग्राम प्रधान को बचाने का प्रयास कर रहे हैं, जिसके कारण जांच प्रक्रिया लगातार प्रभावित हो रही है।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। वहीं, इस पूरे मामले को लेकर ब्लॉक प्रशासन की ओर से फिलहाल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।


