रिपोर्टर: आसिफ इक़बाल
रामनगर में बाइक चोरी के एक मामले ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। एक युवक ने आरोप लगाया है कि चोरी की शिकायत देने के बावजूद पुलिस ने उसकी तहरीर की रिसीविंग तक नहीं दी। कई दिनों तक कोतवाली के चक्कर लगाने के बाद भी जब कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला तो उसने मुख्यमंत्री शिकायत पोर्टल (CM Portal) का सहारा लिया।
पीड़ित के मुताबिक, 14 जुलाई को उसने अपनी बाइक मंगल बाजार स्थित आरटीओ कार्यालय के सामने वाली गली में खड़ी की थी। कुछ देर बाद लौटने पर बाइक गायब मिली। काफी तलाश के बावजूद जब कोई सुराग नहीं मिला तो उसने उसी दिन रामनगर कोतवाली पहुंचकर लिखित शिकायत दी।
युवक का आरोप है कि अगले दिन जब वह शिकायत की रिसीविंग लेने पहुंचा तो पुलिसकर्मियों ने उसे अलग-अलग अधिकारियों के पास भेज दिया। कभी तहरीर लेने वाले कर्मचारी को बुलाने की बात कही गई तो कभी दूसरे अधिकारी के आने का इंतजार करने के लिए कहा गया। इसके बावजूद उसे कोई आधिकारिक रिसीविंग नहीं मिली।
लगातार कई दिनों तक कोतवाली के चक्कर लगाने और कार्रवाई न होने से परेशान युवक ने मुख्यमंत्री शिकायत पोर्टल पर ऑनलाइन शिकायत दर्ज करा दी। उसका कहना है कि अब उसे उम्मीद है कि उच्च स्तर से मामले की निष्पक्ष जांच होगी।
उधर, रामनगर कोतवाल सुशील कुमार ने कहा कि मामला उनके संज्ञान में नहीं था। उन्होंने भरोसा दिलाया कि शिकायत मिलने के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। अब सभी की नजर इस बात पर है कि पुलिस चोरी की बाइक बरामद करने और शिकायत पर कार्रवाई करने में कितनी तेजी दिखाती है।



