रिपोर्ट: अरशद हुसैन
रुड़की: शहर के सोत मोहल्ला में स्मार्ट मीटर लगाने पहुंची बिजली विभाग की टीम को स्थानीय लोगों के भारी विरोध का सामना करना पड़ा। विरोध इतना बढ़ गया कि विभागीय अधिकारियों को बिना स्मार्ट मीटर लगाए ही वापस लौटना पड़ा। इस दौरान लोगों ने बिजली विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की।
जानकारी के अनुसार नगर निगम के वार्ड नंबर 33 स्थित सोत मोहल्ला में अधिशासी अभियंता अनिल मिश्रा के नेतृत्व में बिजली विभाग की टीम स्मार्ट मीटर स्थापित करने पहुंची थी। टीम के साथ विजिलेंस विभाग के कर्मचारी भी मौजूद थे। जैसे ही स्थानीय लोगों को स्मार्ट मीटर लगाए जाने की सूचना मिली, बड़ी संख्या में लोग मौके पर एकत्र हो गए और इसका विरोध शुरू कर दिया।
विरोध प्रदर्शन में पार्षद हाजी फजलुर्रहमान, पार्षद संजीव राय ‘टोनी’, कांग्रेस नेता मोहम्मद मुबश्शीर और अनस अंसारी सहित कई स्थानीय प्रतिनिधि और नागरिक शामिल रहे। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि यदि पूरे शहर में स्मार्ट मीटर लगाए जाने हैं तो इसकी शुरुआत वार्ड नंबर 33 से नहीं बल्कि वार्ड नंबर 1 से की जानी चाहिए।
मौके पर मौजूद लोगों ने स्मार्ट मीटर को लेकर अपनी आशंकाएं भी व्यक्त कीं और विभागीय अधिकारियों से इस संबंध में स्पष्ट जानकारी देने की मांग की। विरोध को देखते हुए क्षेत्र में पुलिस बल भी तैनात रहा ताकि कानून व्यवस्था बनी रहे।
स्थिति उस समय और तनावपूर्ण हो गई जब विभागीय अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि सरकार और विभाग की निर्धारित योजना के अनुसार स्मार्ट मीटर लगाए जाएंगे। काफी देर तक चले विरोध और बातचीत के बावजूद कोई सहमति नहीं बन सकी, जिसके बाद बिजली विभाग की टीम को बिना कार्रवाई किए वापस लौटना पड़ा।
हालांकि बिजली विभाग का कहना है कि स्मार्ट मीटर को लेकर लोगों के बीच फैली भ्रांतियों और आशंकाओं को दूर करने के लिए जनसंवाद किया जाएगा। विभाग का दावा है कि लोगों को पूरी जानकारी देने और उनकी शंकाओं का समाधान करने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।


