रिपोर्ट: ललित जोशी
नैनीताल: भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार उत्तराखंड में विशेष गहन पुनरीक्षण (Special Intensive Revision – SIR) अभियान का शुभारंभ सोमवार से हो गया। सरोवर नगरी नैनीताल में इस महत्वपूर्ण अभियान की औपचारिक शुरुआत लोक भवन से की गई, जहां राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेवानिवृत्त) को निर्वाचन अधिकारियों द्वारा गणना फॉर्म प्रदान किया गया।
इस अभियान के तहत नैनीताल जनपद में बीएलओ (बूथ लेवल ऑफिसर) घर-घर जाकर मतदाताओं को गणना फॉर्म वितरित करेंगे। इसके साथ ही मतदाता सूची में दर्ज विवरणों का सत्यापन और आवश्यक अद्यतन भी किया जाएगा, ताकि निर्वाचन नामावली को अधिक शुद्ध, अद्यतन और त्रुटिरहित बनाया जा सके।
अधिकारियों ने बताया कि विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि प्रत्येक पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में शामिल हो और किसी भी प्रकार की त्रुटि या विसंगति को समय रहते दूर किया जा सके।
इस अवसर पर कुमाऊँ मंडल आयुक्त दीपक रावत ने मीडिया के माध्यम से आम जनता से सहयोग की अपील की। उन्होंने कहा कि जब बीएलओ गणना फॉर्म लेकर घर पहुंचे, तो मतदाता फॉर्म को सावधानीपूर्वक और सही जानकारी के साथ भरें। उन्होंने लोगों से अनुरोध किया कि भरे हुए फॉर्म को सुरक्षित रखें और बीएलओ द्वारा मांगे जाने पर उन्हें उपलब्ध कराएं।
दीपक रावत ने कहा कि मतदाता सूची लोकतंत्र की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी है और इसे त्रुटिरहित बनाए रखने में आम नागरिकों की भागीदारी बेहद जरूरी है। उन्होंने लोगों से अभियान को सफल बनाने के लिए पूर्ण सहयोग देने की अपील की।
कार्यक्रम के दौरान कुमाऊँ आयुक्त दीपक रावत, अपर सचिव श्रीमती रीना जोशी, अपर जिलाधिकारी विवेक राय, उप जिलाधिकारी नवाजिश खालिक सहित कई अधिकारी मौजूद रहे।
विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के माध्यम से निर्वाचन आयोग मतदाता सूची की पारदर्शिता और विश्वसनीयता को और मजबूत बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठा रहा है।



