ईद उल अजहा (बकरा ईद) को लेकर हरिद्वार पुलिस और मुस्लिम धर्मगुरुओं ने लोगों से शांति, स्वच्छता और कानून व्यवस्था बनाए रखने की अपील की है। 28 मई को मनाए जाने वाले इस पर्व को शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराने के लिए प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आ रहा है।
एसएसपी हरिद्वार ने स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा कि कुर्बानी केवल निर्धारित स्थानों पर ही की जाए। उन्होंने कहा कि कुर्बानी के बाद निकलने वाले वेस्ट मैटेरियल को खुले में फेंकने के बजाय गड्ढा खोदकर दबाया जाए, ताकि स्वच्छता बनी रहे और किसी को असुविधा न हो।
उन्होंने सोशल मीडिया पर भड़काऊ पोस्ट या अफवाह फैलाने वालों को भी चेतावनी देते हुए कहा कि यदि कोई व्यक्ति माहौल खराब करने की कोशिश करता है तो उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
वहीं मुस्लिम धर्मगुरु मुफ्ती सलीम ने भी मुस्लिम समाज से अपील करते हुए कहा कि कुर्बानी करते समय साफ-सफाई और नियमों का विशेष ध्यान रखा जाए। उन्होंने कहा कि यदि कोई व्यक्ति अपने घर में कुर्बानी करता है तो खून और अन्य अवशेषों को गड्ढा खोदकर दबा दें, विशेषकर जहां कच्चा आंगन हो।
उन्होंने यह भी कहा कि कुर्बानी के दौरान नालियों की साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखा जाए ताकि किसी प्रकार की गंदगी या परेशानी उत्पन्न न हो।
मुफ्ती सलीम ने जानकारी देते हुए बताया कि बकरा ईद की नमाज ईदगाह में सुबह 7:45 बजे अदा की जाएगी। साथ ही उन्होंने नमाजियों से अपील की कि किसी भी स्थिति में सड़क पर नमाज न पढ़ें। यदि कोई व्यक्ति ईदगाह में नमाज अदा नहीं कर पाता है तो सुबह 8:15 बजे कब्रिस्तान स्थित मस्जिद में नमाज अदा कर सकता है।
प्रशासन और धर्मगुरुओं ने सभी समुदायों से भाईचारा बनाए रखने और त्योहार को शांतिपूर्ण माहौल में मनाने की अपील की है।


