रिपोर्टर: सचिन कुमार
उत्तराखंड सरकार डेयरी और पशुपालन क्षेत्र को मजबूत बनाने के लिए लगातार नई योजनाएं लागू कर रही है। दुग्ध विकास एवं पशुपालन मंत्री सौरभ बहुगुणा ने बताया कि पिछले साढ़े चार वर्षों में विभाग ने कई ऐसे फैसले लिए हैं, जिनका सीधा लाभ प्रदेश के हजारों पशुपालकों को मिला है।
मंत्री ने कहा कि राज्य में पिछले चार वर्षों के दौरान दूध के खरीद मूल्य में 8 से 11 रुपये प्रति लीटर तक की वृद्धि की गई है। इससे डेयरी व्यवसाय से जुड़े किसानों की आमदनी बढ़ी है और युवाओं का भी इस क्षेत्र की ओर रुझान बढ़ा है।
उन्होंने बताया कि किसानों को मिलने वाली प्रोत्साहन राशि अब पहले की तुलना में अधिक पारदर्शी तरीके से सीधे उनके बैंक खातों में डीबीटी के माध्यम से भेजी जा रही है। इससे किसानों को समय पर आर्थिक सहायता मिल रही है और किसी प्रकार की देरी की समस्या भी कम हुई है।
सौरभ बहुगुणा ने कहा कि उत्तराखंड देश का पहला राज्य है जिसने भूसे पर 50 प्रतिशत और साइलेज पर 68 प्रतिशत तक सब्सिडी देने की व्यवस्था लागू की है। इससे पशुपालन की लागत कम होगी और किसानों को बेहतर लाभ मिलेगा।
उन्होंने कहा कि डेयरी, पशुपालन, कृषि, हॉर्टिकल्चर और होम-स्टे जैसी योजनाएं मिलकर ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई मजबूती दे रही हैं। सरकार का लक्ष्य गांवों में रोजगार बढ़ाना और उत्तराखंड को आत्मनिर्भर बनाना है।



